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#बोर्नियो द्वीप स्थित #कालीमंतन #इंडोनेशिया की नई राजधानी, राष्ट्रपति जोको ने किया ऐलान

#बोर्नियो द्वीप स्थित #कालीमंतन #इंडोनेशिया की नई राजधानी, राष्ट्रपति जोको ने किया ऐलान
न्यूज डेस्क, नेशनलव्हील्स
इंडोनेशिया की नई राजधानी बोर्नियो द्वीप समूह स्थित कालीमंतन बनेगी. इंडोनेशिया के राष्ट्रपति जोको विडोडो ने इसका ऐलान कर दिया है. वर्तमान में इंडोनेशिया की मुख्य जमीन पर स्थित देश का सबसे बड़ा शहर जकार्ता राजधानी है. चाइना ग्लोबल टेलीविजन नेटवर्क (सीजीटीएन) की रिपोर्ट के अनुसार राष्ट्रपति जोको विडोडो ने देश की राजधानी में बदलाव का ऐलान कर दिया है.

इंडोनेशिया गणराज्य (दीपान्तर गणराज्य) दक्षिण पूर्व एशिया और ओशिनिया में स्थित एक विशाल देश है. 17508 द्वीपों वाले इस देश की जनसंख्या लगभग 40 करोड़ है, यह दुनिया का चौथा सबसे अधिक आबादी और दुनिया में सबसे बड़ी मुस्लिम आबादी वाला मुस्लिम देश है. देश की वर्तमान राजधानी जकार्ता है. देश की जमीनी सीमा पापुआ न्यू गिनी, पूर्वी तिमोर और मलेशिया के साथ मिलती है. अन्य पड़ोसी देशों सिंगापुर, फिलीपींस, आस्ट्रेलिया और भारत का अंडमान और निकोबार द्वीप समूह क्षेत्र शामिल है.

इंडोनेशिया का इतिहास

ईसा पूर्व चौथी शताब्दी से ही इंडोनेशिया द्वीपसमूह एक महत्वपूर्ण व्यापारिक क्षेत्र रहा है. बुनी अथवा मुनि सभ्यता इंडोनेशिया की सबसे पुरानी सभ्यता है. ये हिंदू एवं बौद्ध धर्म मानने वालों का देश था और यहां के लोग ऋषि परंपरा का अनुकरण करते थे. अगले दो हजार साल तक इंडोनेशिया एक हिंदू और बौद्धों का देशों रहा। यहां हिंदू राजाओं का राज था. किर्तानेगारा और त्रिभुवना जैसे राजा यहाँ सदियों पहले राज करते थे. श्रीविजय के दौरान चीन और भारत के साथ व्यापारिक संबंध थे. स्थानीय शासकों ने धीरे-धीरे भारतीय सांस्कृतिक, धार्मिक और राजनीतिक प्रारुप को अपनाया और कालांतर में हिन्दू और बौद्ध राज्यों का उत्कर्ष हुआ.
इंडोनेशिया का इतिहास विदेशियों से भी प्रभावित रहा है, जो क्षेत्र के प्राकृतिक संसाधनों की वजह से खींचे चले आए. देश में इस्लाम मुस्लिम व्यापारियों के साथ पहुंचा. विदेशी व्यापारी के रूप में पहुंचे मुस्लिम यहां व्यापार के साथ अपना धर्म भी फैला रहे थे. धीरे-धीरे यहाँ की पारंपरिक हिंदू और बौद्ध धर्म समाप्त हो गया. वर्तमान में यह मुस्लिम देश है. हालांकि, इंडोनेशिया के लोग भले ही आज इस्लाम को मानते हैं किंतु यहाँ आज भी हिंदू संस्कृति समाप्त नहीं हुई है. यहाँ के इस्लामी संस्कृति पर हिंदु धर्म का व्यापक प्रभाव दिखता है. लोगों और स्थानों के नाम आज भी अरबी एवं संस्कृत में रखे जाते हैं. यहाँ आज भी पवित्र कुरान संस्कृत भाषा में पढ़ी व पढ़ाई जाती है.
इसका और साथ के अन्य द्वीप देशों का नाम भारत के पुराणों में दीपान्तर भारत (अर्थात सागर पार भारत) है.यूरोपियन लेखकों ने 150 वर्ष पूर्व इसे इंडोनेशिया (इंद= भारत+नेसोस = द्वीप के लिये) नाम दिया और यह धीरे धीरे लोकप्रिय हो गया. की हजर देवान्तर पहला देशी था जिसने अपने राष्ट्र के लिये इंडोनेशिया नाम का प्रयोग किया.

 

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