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धोनी की फुर्ती और चालाकी ने भारतीयों का दिल जीता

न्यूज डेस्क, नेशनलव्हील्स
विशाखापट्टनम में पहले टी-20 में रविवार को जिस तरह से आस्ट्रेलिया ने भारत के जबड़े से जीत छीन ली, उससे ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी निश्चित रूप से खुश होंगे. 128 रनों के कुल स्कोर का पीछा करते हुए टेलंएंडर्स ने अंतिम गेंद तक खेलकर 3 विकेट से जीत कर जुझारू चरित्र दिखाया है. हालांकि, इस मैच में भी विकेट के पीछे खड़े महेंद्र सिंह धोनी की फुर्ती ने भारतीय प्रशंसकों का दिल जीत लिया.
हालाँकि, इस मैच में एक ऐसा क्षण था जब खेल पूरी तरह से भारत की मुट्ठी में दिख रहा था. 14वें ओवर में ग्लेन मैक्सवेल (56) के आउट होने के बाद भारत ने अपनी सांस ली और घर की भीड़ खुशी में झूम उठी. इस बड़े झटके के बाद सलामी बल्लेबाज डी’आर्सी शॉर्ट से खेल को आगे ले जाने की उम्मीद थी. दुर्भाग्य से जल्द ही उन्हें गलतियों की कॉमेडी के बाद ड्रेसिंग रूम में वापस लौटना पड़ा.
यह घटना 16वें ओवर में तब घटी जब पीटर हैंड्सकॉम्ब ने उमेश यादव की गेंद पर फाइन लेग की ओर खेल दी लेकिन वह विकेटों के पीछे लपक लिए गए. बल्लेबाजों ने पहले रन को सफलतापूर्वक पूरा किया, लेकिन दूसरा रन को लेने के लिए वह गफलत में पड़ गए.
इस दौरान एमएस धोनी सतर्क थे. उन्होंने क्रुणाल पांड्या का थ्रो तेजी के साथ उठा लिया और विकेटों को उखाड़ने में कोई गलती नहीं की. सावधानी के रूप में उन्होंने गेंद को गेंदबाज की ओर फेंक दिया, जिसने गेंद को सफाई के साथ पकड़ लिया. तब तक शॉर्ट को एहसास हो गया था कि उसने वापस जाने के अलावा और कोई विकल्प नहीं छोड़ा है. दूसरी ओर, हैंड्सकॉम्ब अपने आप पर क्रोधित दिखे क्योंकि उनकी नासमझी की वजह से आस्ट्रेलिया को जोर का झटका लग चुका था.यही वह बिंदु था जब भारत ने गति पकड़ी और अंतिम ओवर तक तीन और ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को आउट कर दिया. हालांकि, मैच आस्ट्रेलिया ने जीतने में कामयाबी हासिल कर ली.

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