National Wheels

रक्तदान अमृत महोत्सव: रक्तदान में भारत ने बनाया नया विश्व रिकॉर्ड

रक्तदान अमृत महोत्सव: रक्तदान में भारत ने बनाया नया विश्व रिकॉर्ड

रक्तदान अमृत महोत्सव के पहले ही दिन एक लाख से अधिक लोगों ने रक्तदान किया। यह अब तक का विश्व रिकॉर्ड है। अभी तक एक दिन में 86000 लोगों ने रक्तदान किया था जो विश्व रिकॉर्ड था। दरअसल, पीएम मोदी के जन्मदिन यानि 17 सितंबर से रक्तदान अभियान शुरू हुआ है, जो कि एक अक्टूबर-राष्ट्रीय स्वैच्छिक रक्तदान दिवस तक मनाया जाएगा। रक्तदान अभियान के तहत केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने सफदरजंग अस्पताल में बने एक शिविर में रक्तदान किया। इस मौके पर मनसुख मांडविया ने ट्वीट कर कहा कि देश ने रक्तदान में नया कीर्तिमान स्थापित किया है।

1 यूनिट ब्लड तीन लोगों की बचा सकता है जान

2021 के आंकड़ों के अनुसार, भारत की वार्षिक आवश्यकता लगभग 1.5 करोड़ यूनिट है। प्रत्येक दो सेकंड में, भारत में किसी को रक्त की आवश्यकता होती है और प्रत्येक तीन व्यक्तियों में से एक व्यक्ति को अपने जीवनकाल में रक्त की आवश्यकता होती है। कार्यक्रम के दौरान डॉ. मांडविया ने कहा,“ तकनीकी प्रगति के बावजूद, रक्त का कोई विकल्प नहीं और 1 यूनिट ब्लड तीन लोगों की जान बचा सकता है’।

कब कर सकते हैं ब्लड डोनेट

एक व्यक्ति के शरीर में 5-6 लीटर रक्त होता है और वह हर 90 दिन (3 महीने) में ब्लड डोनेट सकता है। शरीर में ब्लड बहुत जल्दी बन जाता है; ब्लड प्लाज्मा की मात्रा 24 – 48 घंटों के भीतर, लाल रक्त कोशिकाएं लगभग 3 सप्ताह में और प्लेटलेट्स तथा श्वेत रक्त कोशिकाएं मिनटों में बन जाती हैं।

ब्लड डोनर का बनेगा एक मजबूत रिकॉर्ड

राष्ट्रव्यापी अभियान को केंद्रीकृत ब्लड बैंक प्रबंधन सूचना प्रणाली, ई-रक्त कोष पोर्टल से सहायता प्राप्त है, जो रक्त दाताओं के राष्ट्रीय भंडार के रूप में कार्य करेगा। यह ब्लड डोनर का एक मजबूत रिकॉर्ड सुनिश्चित करेगा और जरूरत पड़ने पर रक्त की उपलब्धता में तेजी लाएगा। इसके लिए ई-रक्त कोष पोर्टल भी बनाया गया है। जहां रजिस्टर्ड करा कर ब्लड डोनेट कर सकते हैं।

बता दें कि रक्तदान अमृत महोत्सव आजादी का अमृत महोत्सव के बड़े समारोहों का हिस्सा है। इस अभियान का उद्देश्य बिना पारिश्रमिक के नियमित रूप से स्वैच्छिक रक्तदान के बारे में जागरूकता बढ़ाना और यह सुनिश्चित करना है कि रक्त या इसके घटक जैसे- संपूर्ण रक्त, पैक की हुई लाल रक्त कोशिकाएं, प्लाज्मा, प्लेटलेट्स उपलब्ध, सुलभ, किफायती और सुरक्षित हों।’

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.