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अयोध्या के विस्तार को 19000 करोड़ के काम, सीएम योगी ने परखा धाम

अयोध्या के विस्तार को 19000 करोड़ के काम, सीएम योगी ने परखा धाम

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को अयोध्या के आयुक्त सभागार में अयोध्या मण्डल के विकास कार्यों एवं कानून व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने अयोध्या के आस-पास संचालित लगभग 19,000 करोड़ रुपए की परियोजनाओं की प्रगति की जानकारी प्राप्त करते हुए उन्हें गुणवत्तापरक ढंग से निर्धारित समयावधि में पूर्ण किए जाने के निर्देश दिए। इस अवसर पर उन्होंने अयोध्या के विजन डॉक्युमेण्ट ‘अयोध्या विजन-2047’ तथा आगामी 100 दिनों में किए जाने वाले कार्यों के सम्बन्ध में प्रस्तुतिकरण का अवलोकन भी किया। उन्होंने कहा कि डी0पी0आर0 बनाते समय कार्यों की आवश्यकता पर ध्यान दिया जाए तथा मितव्ययिता बरती जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या के विकास कार्यों की समीक्षा के लिए आवास एवं शहरी नियोजन विभाग को नोडल विभाग बनाया गया है। सम्बन्धित प्रमुख सचिव प्रत्येक 15 दिन में अयोध्या के कार्यों की समीक्षा करें। साथ ही, मण्डलायुक्त अयोध्या द्वारा इन कार्यों की प्रत्येक सप्ताह समीक्षा करते हुए किसी भी प्रकार के गतिरोध को दूर करने के लिए आवश्यक कार्यवाही की जाए। अयोध्या के विकास के लिए अन्य विभागीय अधिकारी स्वतः पहल करें तथा इस सम्बन्ध में किए जाने वाले पत्राचार को विभागीय सचिव/प्रमुख सचिव, अपर मुख्य सचिव के साथ-साथ मुख्यमंत्री कार्यालय को भी प्रेषित करें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या विजन के विभिन्न विभागों की 200 से ज्यादा परियोजनाओं की नियमित निगरानी के लिए डैशबोर्ड तैयार किया गया है, इसकी नियमित समीक्षा की जाए। इसमें नगर विकास, लोक निर्माण, पर्यटन, संस्कृति, सिंचाई, धर्मार्थ कार्य, ऊर्जा, जल निगम, चिकित्सा, आयुष, नगर निगम, शिक्षा आदि विभागों की लगभग 200 से ज्यादा परियोजनाएं सम्मिलित हैं। इनकी कार्यदायी संस्थाओं-यू0पी0 राजकीय निर्माण निगम, यू0पी0 स्टेट कंसट्रक्शन, अयोध्या विकास प्राधिकरण, अयोध्या नगर निगम, लोक निर्माण विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण आदि के अधिकारियों के साथ समीक्षा की गयी।

इनका प्रस्तुतिकरण प्रमुख सचिव आवास नितिन रमेश गोकर्ण ने किया। जनपद अयोध्या एवं मण्डल के कार्यों का प्रस्तुतीकरण मण्डलायुक्त श्री नवदीप रिणवा द्वारा किया गया। कानून-व्यवस्था के सम्बन्ध में पुलिस महानिरीक्षक श्री के0पी0 सिंह द्वारा प्रस्तुतिकरण किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या में भगवान श्रीराम मन्दिर निर्माण के बाद लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं एवं दर्शनार्थियों के आने की सम्भावना है। वर्तमान में भी हजारों श्रद्धालु प्रतिदिन आ रहे हैं।

अयोध्या के आगामी विकास में तीन प्रमुख पथ निर्धारित किए गए हैं। पहला पथ राम पथ-सहादतगंज से नयाघाट, दूसरा पथ श्रीराम जन्मभूमि पथ-सुग्रीव किला मार्ग से श्रीराम जन्मभूमि मन्दिर, तीसरा पथ-भक्ति पथ-श्रृंगार हाट से रामजन्मभूमि मन्दिर तक हैं। उन्होंने कहा कि विकास प्राधिकरण एवं लोक निर्माण विभाग तथा अन्य सम्बन्धित विभागों के अधिकारी शीघ्र इन मार्गों के चौड़ीकरण के साथ-साथ उन पर प्रॉपर डेªनेज सिस्टम, यूटीलिटी सेवाएं, फुटपाथ आदि की व्यवस्था सुनिश्चित कराएं।  

मुख्यमंत्री ने अयोध्या में शुद्ध पेयजल आपूर्ति के लिए घर-घर जाकर नल कनेक्शन की व्यवस्था को बेहतर बनाने, विद्युत आपूर्ति को बेहतर करने, विद्युत से सम्बन्धित ओवर बिलिंग की समस्या को ठीक करने तथा समय से बिल को प्रेषित करने तथा इसकी नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अयोध्या में संचालित निर्माण कार्य स्थलों, सांस्कृतिक धरोहरों आदि में बेहतर पर्यावरण के लिए पौधरोपण को प्रोत्साहित किया जाए।

मुख्यमंत्री द्वारा बैठक में सांसद लल्लू सिंह, विधायक वेद प्रकाश गुप्ता, रामचन्द्र यादव, डॉ0 अमित सिंह चौहान, अवधेश प्रसाद, अभय सिंह एवं विधान परिषद सदस्य हरिओम पाण्डेय, जिला पंचायत अध्यक्ष रोली सिंह, अयोध्या के महापौर ऋषिकेश उपाध्याय आदि से अयोध्या के विकास पर सुझाव मांगे गए। जनप्रतिनिधिगण द्वारा कोटेदारों की शिकायत के सम्बन्ध में मुख्यमंत्री जी ने मण्डलायुक्त को कोटेदारों के सम्बन्ध में शिकायतों की जांच एवं दोषियों के विरुद्ध कार्यवाही की संस्तुति के लिए एक समिति बनाने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने अयोध्या मण्डल के विकास कार्यों व कानून व्यवस्था की समीक्षा के अन्तर्गत मिशन शक्ति के क्रियान्वयन, महिला सम्बन्धी अपराधों/पॉक्सो एक्ट के अन्तर्गत पंजीकृत मामलों, अपराधियों, माफियाओं के विरुद्व कार्यवाही, धार्मिक स्थलों से लाउड स्पीकर हटाने एवं आवाज कम करने के सम्बन्ध में कार्यवाही, इण्टीग्रेटेड कोविड कमाण्ड एण्ड कण्ट्रोल सेण्टर, आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना, अस्थायी/स्थायी निराश्रित गोवंश आश्रय स्थलों, डी0बी0टी0 के माध्यम से यूनीफॉर्म, जूते-मोजे आदि के वितरण, ऑपरेशन कायाकल्प आदि की समीक्षा की। उन्होंने अयोध्या विजन-2047 के अन्तर्गत 08 कुण्डों के कायाकल्प तथा संरक्षण, संचालन और रख-रखाव, अयोध्या में चयनित ऐतिहासिक स्थानों पर सरफेस सुधार, भित्ति चित्र और कलाकृति के माध्यम से पुनरुद्वार एवं संरक्षण कार्य, रामायण सर्किट थीम के अन्तर्गत अयोध्या में विकास कार्य, अन्तर्राष्ट्रीय रामकथा संग्रहालय और आर्ट गैलरी, अयोध्या जिले में 04 समग्र विद्यालयों के निर्माण तथा 49 विद्यालयों के पुनर्भरण सहित अन्य परियोजनाओं की समीक्षा की।
इस अवसर पर जनप्रतिनिधिगण, मुख्य सचिव श्री दुर्गा शंकर मिश्र सहित शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ने अयोध्या भ्रमण के दौरान सर्किट हाउस में साधु-सन्तों से भेंट की।

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